सूचना आयोग ने निर्देश दिए हैं कि साक्षात्कार में प्राप्तांक गोपनीय नहीं हैं। आयोग ने दिल्ली हाईकोर्ट के निर्णय की पालना में कहा कि जब परीक्षा समाप्त हो गई, अभ्यर्थियों को सफल घोषित कर दिया गया तो अभ्यर्थियों के प्राप्तांक सार्वजनिक अभिलेख हो जाते हैं और उनका खुलासा सूचना के अधिकार कानून के तहत किया जाना संभव है।
आयोग ने राजस्थान लोक सेवा आयोग को आदेश दिया कि वह प्रार्थी को प्राध्यापक पद, स्कूल शिक्षा इतिहास के साक्षात्कार के प्राप्तांक व चयनित अभ्यर्थियों के नाम व पते की सूचना आदेश प्राप्ति के 15 दिनों में बताए। आयोग ने आदेश नागौर निवासी सुभाष देवल की अपील को स्वीकार करते हुए दिया। मामले में प्रार्थी ने लोक सेवा आयोग से प्राध्यापक पद के साक्षात्कार में अभ्यर्थियों को दिए प्राप्तांक नाम व पता सहित उपलब्ध कराने का आवेदन किया, लेकिन आयोग ने उन्हें सूचना मुहैया नहीं कराई और कहा कि साक्षात्कार के प्राप्तांक गोपनीय होने से नहीं दिए। इसे सूचना आयोग में चुनौती दी गई।
आयोग ने राजस्थान लोक सेवा आयोग को आदेश दिया कि वह प्रार्थी को प्राध्यापक पद, स्कूल शिक्षा इतिहास के साक्षात्कार के प्राप्तांक व चयनित अभ्यर्थियों के नाम व पते की सूचना आदेश प्राप्ति के 15 दिनों में बताए। आयोग ने आदेश नागौर निवासी सुभाष देवल की अपील को स्वीकार करते हुए दिया। मामले में प्रार्थी ने लोक सेवा आयोग से प्राध्यापक पद के साक्षात्कार में अभ्यर्थियों को दिए प्राप्तांक नाम व पता सहित उपलब्ध कराने का आवेदन किया, लेकिन आयोग ने उन्हें सूचना मुहैया नहीं कराई और कहा कि साक्षात्कार के प्राप्तांक गोपनीय होने से नहीं दिए। इसे सूचना आयोग में चुनौती दी गई।
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